تا مه نوبر فلک بالگشا میرود
تا مه نوبر فلک بالگشا میرود
در نظرم رخش عمر نعلنما میرود
то ма нубар фалак бол-гашо мӣ-руд
дар назарм рахаш умр наъал-намо мӣ-руд
خواه نفس فرض کن خواه غبار هوس
نی سحراست ونه شام سیل فنا میرود
хо нафас фарз-кан хо ғубор ҳус
ни саҳарост вана шом сил фано мӣ-руд
قطع نفس تا بجاست خاک همین منزلیم
شمع رهش زیر پاست سعی کجا میرود
қатаъ нафас то баҷост хок ҳамин маназалим
шамъ раҳаш зир пост саъи каҷо мӣ-руд
نشو و نماگفتگوست در چمن احتیاج
رو به فلک یکقلم دست دعا میرود
нашу ва намогафтагуст дар чаман аҳатиоҷ
ру ба фалак йакақалм даст даъо мӣ-руд
قافلهٔ عجز و باز حکم به هر سو بتاز
عالم واماندگیست آبلهها میرود
қофала ъаҷаз ва боз ҳакам ба ҳар су батоз
олам вомонадаги-ст обала-ҳо мӣ-руд
سجده نمیخواهدت زحمت جهد قدم
چون سرت افتاد پیش نوبت پا میرود
саҷада нами-хоҳадат заҳамат ҷаҳад қадам
чун сарт афтод пиш нубат по мӣ-руд
زبن همه باغ و بهار دست بهم سودهگیر
فرصت رنگ حنا از کف ما میرود
забан ҳама боғ ва бҳор даст баҳам суда-гир
фарсат ранг ҳано аз каф мо мӣ-руд
در چمن اعتبار گر همه سیر دل است
چشم نخواهی گشود عرض حیا میرود
дар чаман аъатабор гар ҳама сир дил аст
чашм нхоҳи-гашуд ъарз ҳио мӣ-руд
هرزهخرام است و هم بیهدهتازست فکر
هیچکس آگاه نیست آمده یا میرود
ҳарза-харом аст ва ҳам биҳада-тозаст факар
ҳичакас ого нест омада йо мӣ-руд
موسم ییری رسید آنهمه بر خود مبال
روزبه فصل شتا غنچه قبا میرود
мусам йайри рсид онаҳама бар худ мабол
рузаба фасал што ғанача қабо мӣ-руд
هیأت شمعند خلق ساز اقامت کراست
پا اگر افشردهاند سر به هوا میرود
ҳиот шамаъанд халқ соз ақомат карост
по агар фашард-ҳ-анд сар ба ҳаво мӣ-руд
تا به کجا بایدم ماتم خود داشتن
با نفسم عمرهاست آب بقا میرود
то ба-каҷо бойадам мотам худ дошатан
бо нафасам ъамараҳост об бақо мӣ-руд
مقصد و مختار شوق کعبه و بتخانه نیست
بیسبب و بیطلب دل همه جا میرود
мақасад ва махтор шуқ каъаба ва батахона нест
бе-сабаб ва бе-талаб дил ҳама ҷо мӣ-руд
اینک به خود چیدهایم فرصت ناز و نیاز
دلبر ما یک دوگام پا به حنا میرود
айанак ба худ чида-айам фарсат ноз ва ниоз
далабар мо як дугом по ба ҳано мӣ-руд
هرچهگذشت از نظر نیست برون از خیال
بیدل ازین دامگاه رفته کجا میرود
ҳарача-газашт аз назар нест барун аз хаёл
бидел азин домаго рафта-каҷо мӣ-руд
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- سر
- بالاترین عضوِ تن؛ نمادِ اندیشه، سودا و فدا شدن در عشق.
- نفس
- دم و لحظه کوتاه زندگی؛ گاه خواهش و خودی انسان.
- رنگ
- نمود و جلوه ظاهری؛ گاه کنایه از دگرگونی و ناپایداری.
- چشم
- اندامِ بینایی؛ سرچشمهٔ نگاه، اشک و انتظارِ عاشقانه.
- آب
- مایعِ زندگانی؛ نمادِ روانی، صفا و گاه آبرو.
- خاک
- زمین و گرد؛ نماد فروتنی، فنا، خاستگاه جسم و نهایت آدمی.
- شمع
- چراغ مومی؛ نماد سوختن، روشنی دادن و عاشقی بیقرار.
- پا
- عضوِ راهرفتن؛ نمادِ گام در راهِ طلب و سلوک.
- دست
- اندامِ گرفتن؛ نمادِ قدرت، بخشش و تصرف.
- عالم
- جهانِ هستی؛ پهنهٔ آفرینش و جلوهگاهِ حق.
- غبار
- گرد و خاک؛ نشانه محوی، فروتنی، ناپایداری یا حجاب دیدن.
- خیال
- صورت ذهنی و وهم؛ جهان تصور در برابر حضور عینی.
- هوس
- آرزوی زودگذر؛ میلِ نفسانی در برابرِ عشقِ راستین.
- ساز
- آلتِ نوازندگی؛ نمادِ همآهنگی و نوای درون.
- ناز
- کرشمه و دلربایی؛ جلوهگریِ معشوق در برابرِ نیاز.