به رشتهات اثر وهم مدعاست گره
به رشتهات اثر وهم مدعاست گره
تو گر زبند هوس واشوی کجاست گره
ба рашта-ат асар ваҳм мадаъост гара
ту гар забанд ҳус вошавай каҷост гара
طلسم وحشتی ای بیخبر چه خود راییست
که شبنم تو به بال و پر هواست گره
таласам вҳашти эй бихабар ча худ ройай-ст
ки шабанам ту ба бол ва пур ҳавост-гара
ز آرمیدگی دل فریب امن مخور
به هر شراری ازین سنگ شعلههاست گره
з ормидаги дил фариб аман махор
ба ҳар шарори азин санг шаъала-ҳост-гара
ره تردد اقبالکیست بگشاید
که از قلمرو ما تا پر هماستگره
ра тардад ақабол-кист багашойд
ки аз қалмару мо то пур ҳамост-гара
نکرد سعی نفسها علاج کلفت دل
گداخت تار و ز سختی همان بجاستگره
накард саъи нафасаҳо ъалоҷ-калафт дил
гадохт тор ва з сахти ҳамон баҷост-гара
ادب نفس شمر انتظار جلوهٔکیست
چو شمع بر سر مژگان نگاه ماستگره
адаб нафас шамар анатазор ҷалуа-кист
чу шамъ бар сар мажагон нго мост-гара
سپند خوبش برآتش زدیم و خاک شدیم
هنوز بر لب ما عرض مدعاستگره
сапанд хобаш бароташ здим ва хок шадим
ҳануз бар лаб мо ъарз мадаъост-гара
چو غنچهای که شود خشک بر سر شاخی
در آستین امیدم کف دعاست گره
чу ғанача-эй ки шуд хашак бар сар шохи
дар остин амидам каф даъост гара
چو سبحه تفرقهٔ دل ز بس جنون اثرست
به ساز پیکرم از یکدگر جداستگره
чу сабҳа тафарақа дил з бас ҷанун асарсат
ба соз пикарм аз йакадагар ҷадост-гара
زکار بسته بلند است قدر راست روان
در آن بساط که نی قدکشد عصاستگره
закор баста баланд аст қадар рост равон
дар он басот-ки ни қадакашад ъасост-гара
نفس مسوز به کلفت شماری اوهام
به قدر قطره درین بحر عقدههاست گره
нафас масуз ба-калафт шмори авҳом
ба қадар қатара дарин баҳар ъақада-ҳост-гара
چسان به عرض رسد حرف مدعا بیدل
که ناله در نفس ناتوان ماستگره
часон ба ъарз расад ҳарф мадаъо бидел
ки нола дар нафас нотавон мост-гара
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- سر
- بالاترین عضوِ تن؛ نمادِ اندیشه، سودا و فدا شدن در عشق.
- نفس
- دم و لحظه کوتاه زندگی؛ گاه خواهش و خودی انسان.
- خاک
- زمین و گرد؛ نماد فروتنی، فنا، خاستگاه جسم و نهایت آدمی.
- شمع
- چراغ مومی؛ نماد سوختن، روشنی دادن و عاشقی بیقرار.
- پر
- شهپرِ پرنده؛ نمادِ پرواز، آرزو و سبکباریِ روح.
- ناله
- فریادِ دردمندانه؛ آوای سوز و شکوهٔ عاشق.
- هوس
- آرزوی زودگذر؛ میلِ نفسانی در برابرِ عشقِ راستین.
- جنون
- دیوانگی؛ شیداییِ عاشقانه و رهاییِ از عقل.
- ساز
- آلتِ نوازندگی؛ نمادِ همآهنگی و نوای درون.
- بال
- پرِ پرواز؛ نمادِ اوجگرفتن و رهاییِ روح.
- سنگ
- تختهسنگِ سخت؛ نمادِ سختی، جفا و گاه مستی.
- مژگان
- موهای پلک؛ نمادِ تیرِ نگاه و گریهٔ عاشق.
- لب
- کنارهٔ دهان؛ نمادِ سخن، بوسه و حیاتِ معشوق.
- سعی
- کوشش و تلاش؛ جهدِ سالک در راهِ مقصود.
- وهم
- پندار ناپایدار؛ ادراکی که یقین و حقیقت کامل نیست.
- عرض
- ویژگی ناپایدار شیء؛ در برابر جوهر و ذات.