در جنون گر نگسلد پیمان فرمان نالهام
در جنون گر نگسلد پیمان فرمان نالهام
بعد ازین، این نُه فلک گوی است و چوگان نالهام
дар ҷанун гар нагасалд пимон фармон нола-ам
баъад азин, ин на фалак гавай аст ва чугон нола-ам
هر نگه مدّی به خون پیچیدهٔ صد آرزوست
هوش کو تا بشنود از چشم حیران نالهام
ҳар нга мади ба хон пичида сад орзуст
ҳуш ку то башануд аз чашм ҳирон нола-ам
مستیِ حسن و جنونِ عشق از جامِ من است
در گلستان رنگم و در عندلیبان نالهام
мастайи ҳасан ва ҷанун ишқ аз ҷом ман аст
дар галастон рангам ва дар ъандалибон нола-ам
بس که خون آرزو در پردهٔ دل ریختم
گر چه زخمی بود هر جا شد نمایان نالهام
басака хон орзу дар парда дил рихатам
гарача захами буд ҳар ҷо шуд намойон нола-ам
عمرها شد در سواد بیکسی دارم وطن
آه اگر نبود چراغ این شبستان نالهام
ъамараҳо шуд дар савод бикаси дорм ватан
о агар набуд чароғ ин шабастон нола-ам
ساز و برگِ عافیت یکبارم از خود رفتن است
چون نفس گر میشود کارم به سامان، نالهام
соз ва бараг ъофит йакаборм аз худ рафтан аст
чун нафас-гар мӣ-шуд корм ба сомон, нола-ам
هیچ جا از عضو امکان قابل تأثیر نیست
روزگاری شد که میگردد پریشان نالهام
ҳич ҷо аз ъазу амакон қобал тосир нест
рузагори шуд ки мӣ-гардад паришон нола-ам
پوست از تن رفت و مغز از استخوان، اما هنوز
برنمیدارد چو نی دست از گریبان نالهام
пуст аз тан рафт ва мағаз аз асатахон, амо ҳануз
барнами-дорад чу ни даст аз гарибон нола-ам
گرد من از عالم پرواز عنقا هم گذشت
تا کجا خواهد رساند این خانه ویران نالهام
гард ман аз олам паравоз ъанқо ҳам газашт
то каҷо хоҳад рсонд ин хона вайрон нола-ам
گر به دامان ادب فرسود پایم باک نیست
گاه گاهی میکشد تا کوی جانان نالهام
гар ба домон адаб фарсуд пойам бок нест
го гоҳи мӣ-кашад то кавай ҷонон нола-ам
مژدهای آسودگی کز یک تپیدن چون سپند
من شدم خاکستر و پیچید دامان نالهام
мажада-эй осудаги каз як тапидан чун сапанд
ман шадам хокастар ва пичид домон нола-ам
بیدل از عجزم زبان درد دل فهمیدنیست
بیتکلف چون نگاه ناتوانان نالهام
бидел аз ъаҷазм забон дард дил фаҳамидани-ст
бе-такалаф чун нго нотавонон нола-ам
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- نفس
- دم و لحظه کوتاه زندگی؛ گاه خواهش و خودی انسان.
- چشم
- اندامِ بینایی؛ سرچشمهٔ نگاه، اشک و انتظارِ عاشقانه.
- دست
- اندامِ گرفتن؛ نمادِ قدرت، بخشش و تصرف.
- عالم
- جهانِ هستی؛ پهنهٔ آفرینش و جلوهگاهِ حق.
- ناله
- فریادِ دردمندانه؛ آوای سوز و شکوهٔ عاشق.
- خون
- مایعِ سرخِ تن؛ نمادِ درد، شور و جگرسوزیِ عشق.
- جنون
- دیوانگی؛ شیداییِ عاشقانه و رهاییِ از عقل.
- ساز
- آلتِ نوازندگی؛ نمادِ همآهنگی و نوای درون.
- عشق
- مهرِ سوزان؛ نیرویِ بنیادینِ هستی و راهِ فنا.
- خانه
- سرپناهِ زیست؛ نمادِ دل، تن یا قفسِ هستی.
- گرد
- غبار و خاک؛ نشانه محوی، ناپایداری و حجاب دیدن.
- پرواز
- اوجگرفتن در هوا؛ نمادِ رهاییِ روح و آرزو.
- زبان
- عضوِ گفتار؛ ابزارِ بیان و گاه حجابِ معنای نهفته.
- درد
- رنج و الم؛ سرمایهٔ عاشق و راهِ پختگیِ جان.
- هیچ
- بودِ تهی و بیاعتبار؛ نشان نفی خود یا جهان گذرا.