رنگ گل تعبیر دمید از کف پایش
رنگ گل تعبیر دمید از کف پایش
تا چشم به خون که سیهکرده حنایش
ранг гул таъбир дамид аз каф пойаш
то чашм ба хон-ки сиа-карда ҳанойаш
عمریست که عشاق به آنسوی قیامت
رفتند به برگشتن مژگان رسایش
ъамарист-ки ъашоқ ба онасавай қиёмат
рафтанд ба барагаштан мажагон рсойаш
چون صبح به سیر چمن دهر ندیدیم
جز در نفس سوخته تغییر هوایش
чун субҳ ба сир чаман даҳар ндидим
ҷуз дар нафас сухта тағийр ҳавойаш
سامان تماشاکدهٔ عبرت امکان
سازیست که در سودن دست است صدایش
сомон тамошокада ъабарт амакон
созист-ки дар судан даст аст садойаш
از ما و من آوارهٔ صد دشت خیالیم
این قافله را برد ز ره بانگ درایش
аз мо ва ман овора сад дашт хиолим
ин қофала ро бард з ра бонг даройаш
خالی نشد این انجمن ازکلفت احباب
هرکس زمیان رفت غمی ماند به جایش
холи нашад ин анаҷаман азакалафт аҳабоб
ҳаракас змион рафт ғами монд ба ҷойаш
از پردهٔ این خاک همین نوحه بلند است
کای وای فسردیم و نگشتیم فدایش
аз парда ин хок ҳамин нуҳа баланд аст
кой вой фасардим ва нгаштим фадойаш
ما را چه خیال است بر این مائده سیری
چشمی نگشودیم به کشکول گدایش
мо ро ча хаёл аст бар ин мойда сири
чашми нагашудим ба кашакул гадойаш
تا حشر چو افلاک محالست برآییم
با قد خم از معذرت زلف دوتایش
то ҳашар чу афалок маҳоласт баройайам
бо қад хам аз маъазарт залаф дутойаш
با هیچکسان قاصد پیغام چه حرفست
از ما به سوی او برسانید دعایش
бо ҳичакасон қосад пиғом ча ҳарфаст
аз мо ба савай ав барсонид даъойаш
جز سجده ندیدیم سرو برگ تماشا
چشمی که گشودیم جبین شد ز حیایش
ҷуз саҷада ндидим сару бараг тамошо
чашми ки гашудим ҷабин шуд з ҳиойаш
هیهات که در انجمن عبرت تحقیق
بر روی کسی باز نشد بند قبایش
ҳиҳот-ки дар анаҷаман ъабарт таҳақиқ
бар равай-каси боз нашад банд қабойаш
راهی اگر از چاک گریبان بگشایید
با دل خبری هست بپرسید سرایش
роҳи агар аз чок гарибон багашойайд
бо дил хабари ҳаст бапарсид саройаш
یک لحظه حباب آیینهٔ ناز محیط است
بر بیدل ما رحم نمایید برایش
як лаҳаза ҳабоб оина ноз маҳит аст
бар бидел мо раҳам намойайд баройаш
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- نفس
- دم و لحظه کوتاه زندگی؛ گاه خواهش و خودی انسان.
- رنگ
- نمود و جلوه ظاهری؛ گاه کنایه از دگرگونی و ناپایداری.
- چشم
- اندامِ بینایی؛ سرچشمهٔ نگاه، اشک و انتظارِ عاشقانه.
- آیینه
- شیشهٔ بازتابدهنده؛ نمادِ صفای دل و تجلّیِ حق.
- گل
- شکوفهٔ خوشبو؛ نشانهٔ زیبایی، بهار و معشوق.
- خاک
- زمین و گرد؛ نماد فروتنی، فنا، خاستگاه جسم و نهایت آدمی.
- دست
- اندامِ گرفتن؛ نمادِ قدرت، بخشش و تصرف.
- خون
- مایعِ سرخِ تن؛ نمادِ درد، شور و جگرسوزیِ عشق.
- خیال
- صورت ذهنی و وهم؛ جهان تصور در برابر حضور عینی.
- صبح
- آغاز روشنایی پس از شب؛ نشانه امید، گشودگی یا بیداری.
- ناز
- کرشمه و دلربایی؛ جلوهگریِ معشوق در برابرِ نیاز.
- مژگان
- موهای پلک؛ نمادِ تیرِ نگاه و گریهٔ عاشق.
- چمن
- سبزهزارِ خرّم؛ نمادِ بهار، باغ و جلوهگاهِ حسن.
- سیر
- گشت و سفر؛ سلوک و سیرِ معنویِ جان در راهِ حق.
- خم
- خمیدگی یا خمِ شراب؛ منبعِ مستی و فیضِ معنوی.
- حباب
- پوسته نازک روی آب؛ نماد ناپایداری و تهیبودن.