دل به قید جسم از علم یقین بیگانه ماند
دل به قید جسم از علم یقین بیگانه ماند
کنج ما را خاک خورد از بسکه در ویرانه ماند
дил ба қид ҷасам аз ъалм йқин бигона монд
канҷ мо ро хок хурд аз басака дар вайрона монд
سبحه آخر از خط زنار سر بیرون نبرد
درکمند الفت یک ریشه چندین دانه ماند
сабҳа охар аз хт знор сар бирун набард
даракаманд алафт як риша чандин дона монд
در تحیر رفت عمر و جای دل پیدا نشد
چون کمان حلقه، چشم ما به راه خانه ماند
дар таҳир рафт умр ва ҷой дил пидо нашад
чун-камон ҳалқа, чашм мо ба ро хона монд
شور سودای تو از دلهای مشتاقان نرفت
عالمی زین انجمن بر در زد و دیوانه ماند
шур судой ту аз далаҳой маштоқон нарфат
ъолми зин анаҷаман бар дар зд ва дивона монд
مدتی مجنون ما بر وهم وظن خط میکشید
طرح آن مسطر به یاد لغزش مستانه ماند
мадати маҷанун мо бар ваҳм вазн хт мӣ-кашид
тараҳ он мастар ба йод лағазаш мастона монд
در خراباتی که از شرم نگاهت دم زدند
شور مستی خول شد وسربرخط پیمانه ماند
дар хароботи ки аз шарм нгоҳат дам зданд
шур масти хол шуд васарабарахт пимона монд
ساز عمر رفته جز افسوس آهنگی نداشت
زان همه خوابی که من دیدم همین افسانه ماند
соз умр рафта ҷуз афасус оҳанги ндошт
зон ҳама хоби-ки ман дидам ҳамин афасона монд
شوخ چشمان را ادب در خلوت دل ره نداد
حلقهها بیرون در زین وضع گستاخانه ماند
шух-чашмон ро адаб дар халут дил ра ндод
ҳалқа-ҳо бирун дар зин вазаъ-гастохона монд
دل فسرد و آرزوها در کنارش داغ شد
بر مزار شمع جای گل پر پروانه ماند
дил фасард ва орзуҳо дар канораш доғ шуд
бар мазор шамъ ҷой-гул пур паравона монд
آخرکارم نفس در عالم تدبیر سوخت
هرسر مویی که من تک میزدم در شانه ماند
охаракорм нафас дар олам тадабир сухт
ҳарсар мавайай-ки ман так мӣ-задам дар шона монд
حال من بیدل نمیارزد به استقبال وهم
صورت امروز خود دیدم غم فردا نماند
ҳол ман бидел нами-аразд ба асатақабол ваҳм
сурт амаруз худ дидам ғам фардо намонд
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- سر
- بالاترین عضوِ تن؛ نمادِ اندیشه، سودا و فدا شدن در عشق.
- نفس
- دم و لحظه کوتاه زندگی؛ گاه خواهش و خودی انسان.
- چشم
- اندامِ بینایی؛ سرچشمهٔ نگاه، اشک و انتظارِ عاشقانه.
- گل
- شکوفهٔ خوشبو؛ نشانهٔ زیبایی، بهار و معشوق.
- خاک
- زمین و گرد؛ نماد فروتنی، فنا، خاستگاه جسم و نهایت آدمی.
- شمع
- چراغ مومی؛ نماد سوختن، روشنی دادن و عاشقی بیقرار.
- پر
- شهپرِ پرنده؛ نمادِ پرواز، آرزو و سبکباریِ روح.
- عالم
- جهانِ هستی؛ پهنهٔ آفرینش و جلوهگاهِ حق.
- ساز
- آلتِ نوازندگی؛ نمادِ همآهنگی و نوای درون.
- داغ
- نشان سوختگی یا زخم؛ کنایه از اندوه، عشق و حسرت.
- خانه
- سرپناهِ زیست؛ نمادِ دل، تن یا قفسِ هستی.
- خط
- موی نورُستهٔ گونه؛ نمادِ زیباییِ نوخیزِ معشوق.
- وهم
- پندار ناپایدار؛ ادراکی که یقین و حقیقت کامل نیست.
- راه
- مسیرِ رفتن؛ نمادِ طریقتِ سلوک و سفرِ معنوی.
- دم
- نفس یا لحظه؛ واحدی بسیار کوتاه از زمان و زندگی.
- شرم
- حیا و آزرم؛ پروای درونی در برابرِ معشوق و حق.