پروانه شوم یا پر طاووس گشایم
پروانه شوم یا پر طاووس گشایم
از عالم عنقا چه خیالست برآیم
паравона шум йо пур товавас гашойам
аз олам ъанқо ча хиоласт баройам
آب و گلم از جوهر نظاره سرشتند
در چشم خیالست به چشم همه جایم
об ва галм аз ҷуҳар назора сараштанд
дар чашм хиоласт ба чашм ҳама ҷойам
سعی طلبم بیش شد از هر چه نه بنشست
زین بعد مگر شوق برد رو به قفایم
саъи талабам биш шуд аз ҳар ча на банашаст
зин баъад магар шуқ бард ру ба қафойам
در دامن دشتی که نه راه است نه منزل
عمریست که محملکش آواز درایم
дар доман дашти-ки на ро аст на маназал
ъамарист-ки маҳамал-каш овоз даройам
جوشیدهام از انجمن عبرت معشوق
مشکل که در آیینهٔ کس جلوه نمایم
ҷушида-ам аз анаҷаман ъабарт маъашуқ
машакал-ки дар оина-кас ҷалуа намойам
ذرات جهان چشمک اسرار وصال است
آغوش من اینست که چشمی بگشایم
зарот ҷаҳон чашмак асарор васол аст
оғуш ман айанаст-ки чашми багашойам
سازم ادب آهنگ خیال نگه کیست
در انجمن سرمه نشستهست صدایم
созм адаб оҳанг хаёл нга-кист
дар анаҷаман сарма нашаста-ст садойам
با موج گهر باختهام دست و گریبان
از دامن خود نیست برون لغزش پایم
бо мавҷ-гаҳар бохта-ам даст ва гарибон
аз доман худ нест барун лағазаш пойам
بیپردگی معنی از آیینهٔ لفظ است
فریاد که در ساز نگنجید نوایم
бе-пардаги маъани аз оина лафаз аст
фариод ки дар соз нганҷид навойам
امید اجابت چقدر منفعلم کرد
امشب عرق آینهٔ دست دعایم
амид аҷобат чақадар манафаъалм-кард
амашаб ъарақ оина даст даъойам
تا غرهٔ افسون سعادت نتوان زیست
بر سایهٔ خود بال فشانده است همایم
то ғара афасун саъодат натавон зист
бар сойа худ бол фашонда аст ҳамойам
ساقی قدحی چند مشو مانع تکلیف
شاید روم از یاد خود و باز نیایم
соқи қадаҳи чанд машу монаъ такалиф
шойд рум аз йод худ ва боз ниойам
بیدل مکن آرام تمنا که در ایجاد
بر باد نهادند چو پرواز بنایم
бидел макан ором тамано ки дар айаҷод
бар бод наҳоданд чу паравоз банойам
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- آینه
- سطح بازتابنده؛ در شعر نماد خودشناسی، صفا و جلوه است.
- چشم
- اندامِ بینایی؛ سرچشمهٔ نگاه، اشک و انتظارِ عاشقانه.
- آیینه
- شیشهٔ بازتابدهنده؛ نمادِ صفای دل و تجلّیِ حق.
- آب
- مایعِ زندگانی؛ نمادِ روانی، صفا و گاه آبرو.
- پر
- شهپرِ پرنده؛ نمادِ پرواز، آرزو و سبکباریِ روح.
- دست
- اندامِ گرفتن؛ نمادِ قدرت، بخشش و تصرف.
- عالم
- جهانِ هستی؛ پهنهٔ آفرینش و جلوهگاهِ حق.
- موج
- برآمدگی آب؛ در شعر نشانه جنبش، اضطراب و ناپایداری.
- جهان
- گیتی و دنیا؛ سرای گذرا و فریبندهٔ هستی.
- خیال
- صورت ذهنی و وهم؛ جهان تصور در برابر حضور عینی.
- دامن
- کنارهٔ جامه؛ نمادِ پاکی، پناه و دستآویز.
- ساز
- آلتِ نوازندگی؛ نمادِ همآهنگی و نوای درون.
- بال
- پرِ پرواز؛ نمادِ اوجگرفتن و رهاییِ روح.
- سایه
- اثر تاریک در برابر نور؛ کنایه از ناپایداری، پیروی یا وجود کمرنگ.
- سعی
- کوشش و تلاش؛ جهدِ سالک در راهِ مقصود.
- پرواز
- اوجگرفتن در هوا؛ نمادِ رهاییِ روح و آرزو.