به طوق فاخته نازد محبت از فن ما
به طوق فاخته نازد محبت از فن ما
که زخم تیغ تو دارد طواف گردن ما
ба туқ фохта нозд муҳаббат аз фан мо
ки захам тиғ ту дорад тавоф-гардан мо
زبان ناله ببستیم زین ادب که مباد
تبسم توکشد ننگ لبگزیدن ما
забон нола бабастим зин адаб-ки мабод
табасам тукашад нанг лаб-газидан мо
عیان نشد زکجا مست جلوه میآیی
فدای طرز خرامت ز خویش رفتن ما
ъион нашад закаҷо маст ҷалуа мӣ-ойай
фадой тарз харомат з хеш рафтан мо
به شکر عجز چه مقدار دانه نازکند
بلندکرد سر ما ز پا فتادن ما
ба шакар ъаҷаз ча мақадор дона нозаканд
баландакард сар мо з по фтодан мо
فغان که داد رهایی نداد وحشت هم
چو رنگ شمع قفس گشت پرگشادن ما
фағон-ки дод раҳойай ндод вҳашт ҳам
чу ранг шамъ қафас-гашт парагашодан мо
درتن ستمکده دل شکوهای نکرد بلند
شکست چینی ومویی نخاست ازتن ما
дартан сатамакада дил шакуа-эй накард баланд
шакаст чини вамавайай нхост азатан мо
چودشتتنگی اخلاق زیب مشرب نیست
جبینگرفته به دستگشاده دامن ما
чудашт-танги ахалоқ зиб машараб нест
ҷабин-гарфата ба даст-гашода доман мо
به قدر حاصل از آفات آگهیم همه
به جای دانه همین مور داشت خرمن ما
ба қадар ҳосал аз офот огаҳим ҳама
ба ҷой дона ҳамин мур дошт харман мо
نیایم رنگی و چندین چمن نمو داریم
به روی آب فتادهست موج روغن ما
ни-айам ранги ва чандин чаман наму дорим
ба равай об фтода-ст мавҷ руған мо
به غیر خامشی اسرار دل که میفهمد
چه نکتههاکه ندارد زبان الکن ما
ба ғир хомаши асарор дил-ки мӣ-фаҳамад
ча накта-ҳока надорад забон алакан мо
زگل مپرس که بو درکجا وطن دارد
نیافت مسکن ما هم سراغ مسکن ما
загал мапарс-ки бу даракаҷо ватан дорад
ниофт масакан мо ҳам сароғ масакан мо
چه ممکن است بگیریم دامنش بیدل
که میرسد به تری نامش ازگرفتن ما
ча мамакан аст багирим доманаш бидел
ки мӣ-расад ба тари номаш азагарфатан мо
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- سر
- بالاترین عضوِ تن؛ نمادِ اندیشه، سودا و فدا شدن در عشق.
- رنگ
- نمود و جلوه ظاهری؛ گاه کنایه از دگرگونی و ناپایداری.
- آب
- مایعِ زندگانی؛ نمادِ روانی، صفا و گاه آبرو.
- شمع
- چراغ مومی؛ نماد سوختن، روشنی دادن و عاشقی بیقرار.
- پا
- عضوِ راهرفتن؛ نمادِ گام در راهِ طلب و سلوک.
- دست
- اندامِ گرفتن؛ نمادِ قدرت، بخشش و تصرف.
- موج
- برآمدگی آب؛ در شعر نشانه جنبش، اضطراب و ناپایداری.
- ناله
- فریادِ دردمندانه؛ آوای سوز و شکوهٔ عاشق.
- شکست
- درهمشکستگی؛ نمادِ نیستی و فروریختنِ خودیِ عاشق.
- دامن
- کنارهٔ جامه؛ نمادِ پاکی، پناه و دستآویز.
- لب
- کنارهٔ دهان؛ نمادِ سخن، بوسه و حیاتِ معشوق.
- چمن
- سبزهزارِ خرّم؛ نمادِ بهار، باغ و جلوهگاهِ حسن.
- عجز
- ناتوانی و درماندگی؛ فروتنیِ بنده در برابرِ حق.
- تیغ
- شمشیر و لبهٔ تیز؛ نمادِ قهرِ معشوق و جراحتِ عشق.
- زبان
- عضوِ گفتار؛ ابزارِ بیان و گاه حجابِ معنای نهفته.