کر شدم تا چند شور حق و باطل بشنوم
کر شدم تا چند شور حق و باطل بشنوم
بشکنید این سازها تا چیزی از دل بشنوم
кар шадам то чанд шур ҳақ ва ботал башанум
башаканид ин созаҳо то чизи аз дил башанум
غافل از معنی نیام لیک از عبارت چاره نیست
هرچه لیلی گویدم باید ز محمل بشنوم
ғофал аз маъани ни-ам лик аз ъаборт чора нест
ҳарача лили гавайдам бойд з маҳамал башанум
تا به فهم آید معانی رنگ میبازد شعور
گر همه حرف خود است آن به که غافل بشنوم
то ба фаҳам ойд маъони ранг мӣ-бозд шаъур
гар ҳама ҳарф худ аст он ба ки ғофал башанум
چون غرور عافیت هیچ آفتی موجود نیست
کاش شور این محیط ازگرد ساحل بشنوم
чун ғарур ъофит ҳич офти муҷуд нест
кош шур ин маҳит азагард соҳал башанум
احتیاج و شرم با هم میگدازد سنگ را
آه اگر حرف لب خاموش سایل بشنوم
аҳатиоҷ ва шарм бо ҳам мӣ-гадозд санг ро
о агар ҳарф лаб хомуш сойал башанум
دوستان خون بحل هم ازدیت نومید نیست
واگذاربدم دمی تا نام قاتل بشنوم
дустон хон баҳал ҳам аздит нумид нест
вогазорабдам дами то ном қотал башанум
ای تپیدن بعد مرگم آنقدر همتگمار
کز غبار خود صدای بال بسمل بشنوم
эй тапидан баъад марагам онақадар ҳамат-гамор
каз ғубор худ садой бол басамал башанум
از حضور دل نفس غافل نمیخواهد مرا
جاده گوشم میکشد کآواز منزل بشنوم
аз ҳазур дил нафас ғофал нами-хоҳад маро
ҷода-гушм мӣ-кашад ковоз маназал башанум
شور امکان بیتغافل قابل تفهیم نیست
گوش من زین پنبه محرومست مشکل بشنوم
шур амакон бе-тағофал қобал тафаҳим нест
гуш ман зин панаба маҳарумаст машакал башанум
خامشی مضمون نوایی چند داغم کرده است
از زبان شمع تاکی شور محفل بشنوم
хомаши мазмун навойай чанд доғам карда аст
аз забон шамъ токи шур маҳафал башанум
بسکه دارد فطرتم ننگ از تمیز علم و فن
آب میگردم همهگر شعر بیدل بشنوم
басака дорад фатартам нанг аз тамиз ъалм ва фан
об мӣ-гардам ҳама-гар шаъар бидел башанум
واژهنامهٔ این غزل · 18 واژه
- دل
- جان و درونِ آدمی؛ جایگاهِ عشق، درد و آگاهی.
- نیست
- نبودن؛ در شعر یادکرد عدم و فنا در برابر هستی موهوم.
- بیدل
- تخلصِ شاعر؛ بهمعنیِ بیدل، عاشقِ از خود رفته.
- نفس
- دم و لحظه کوتاه زندگی؛ گاه خواهش و خودی انسان.
- رنگ
- نمود و جلوه ظاهری؛ گاه کنایه از دگرگونی و ناپایداری.
- آب
- مایعِ زندگانی؛ نمادِ روانی، صفا و گاه آبرو.
- شمع
- چراغ مومی؛ نماد سوختن، روشنی دادن و عاشقی بیقرار.
- غبار
- گرد و خاک؛ نشانه محوی، فروتنی، ناپایداری یا حجاب دیدن.
- خون
- مایعِ سرخِ تن؛ نمادِ درد، شور و جگرسوزیِ عشق.
- بال
- پرِ پرواز؛ نمادِ اوجگرفتن و رهاییِ روح.
- سنگ
- تختهسنگِ سخت؛ نمادِ سختی، جفا و گاه مستی.
- لب
- کنارهٔ دهان؛ نمادِ سخن، بوسه و حیاتِ معشوق.
- غافل
- بیخبر و ناآگاه؛ خفته از یادِ حق و حقیقت.
- شرم
- حیا و آزرم؛ پروای درونی در برابرِ معشوق و حق.
- زبان
- عضوِ گفتار؛ ابزارِ بیان و گاه حجابِ معنای نهفته.
- هیچ
- بودِ تهی و بیاعتبار؛ نشان نفی خود یا جهان گذرا.
- معنی
- مقصود درونی یا حقیقت پنهان پشت لفظ و صورت.
- آه
- نالهٔ دل؛ دودِ سینهٔ عاشق و فریادِ سوز و درد.